सामाजिक नेता sentence in Hindi
pronunciation: [ saamaajik naa ]
"सामाजिक नेता" meaning in English
Examples
- देश को सामाजिक नेता की जरूरत, मुख्यधारा का मीडिया साम्प्रदायिक नहीं: हरिद्वार: वरिष्ठ पत्रकार और राष्ट्रीय सहारा देहरादून के सम्पादक दिलीप चौबे का मानना है कि राजनीति से समाज का सुधार नहीं होता।
- उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के लिए देश के संघर्ष में एक अद्वितीय भूमिका निभाई और एक संयुक्त, स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में अपने एकीकरण निर्देशित जो भारत के एक सामाजिक नेता होने के लिए जाना जाता है.
- श्री विश्वनाथ प्रताप सिंह के प्रधानमंत्रित्व काल में आन्ध्र भवन में एक बार स्वर्गीय अलीमियां नदवी (लखनऊ) के नेतृत्व में मुस्लिम समाज के धार्मिक, सामाजिक नेता तथा पूज्य सन्त महापुरुष आमने-सामने बैठे थे, शुक्रवार का दिन था।
- चाहे प्रेस हो, प्रख्यात सामाजिक नेता या विपक्ष का नेता ; किसी को भी वहां घुसने की इजाजत नहीं होती! कानून उनके हाथों उसी तरह बंदी हो जाती है जैसा स्टालिन के जमाने में होता था।
- उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के लिए देश के संघर्ष में एक अद्वितीय भूमिका निभाई और एक संयुक्त, स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में अपने एकीकरण निर्देशित जो भारत के एक सामाजिक नेता होने के लिए जाना जाता है.
- आजतक भी कईं नेपाली भाषी भारतीय नागरिक उस मनोग्रंथि के शिकार हैं और भा,-साहित्य के क्षेत्र में आज भी नेपाल के कतिपय साहित्यिक तथा सामाजिक नेता इधर के हम लोगों को ' प्रवासी नेपाली ' कहकर समेबोधन कर रहे हैं।
- श्री विश्वनाथ प्रताप सिंह के प्रधानमंत्रित्व काल में आन्ध्र भवन में एक बार स्वर्गीय अलीमियां नदवी (लखनऊ) के नेतृत्व में मुस्लिम समाज के धार्मिक, सामाजिक नेता तथा पूज्य सन्त महापुरुष आमने-सामने बैठे थे, शुक्रवार का दिन था।
- अगर राज्य क़ानून के ज़रिए समाज सुधार लाने की कोशिश करने के बजाय ग़रीबी एवं अशिक्षा को मिटाने पर ध्यान दे और सामाजिक नेता समाज को परिवर्तन की आवश्यकता का भान कराने का प्रयत्न करें तो इससे काम बन सकता है.
- आज संसद के जिम्मे और उसके हक़ को पूरी तरह खारिज कर देने वाले कुछ सामाजिक नेता अगर जनता के एक तबके को देश बचने वाले लग रहे हैं, तो यह शून्य सत्ता चला रहे लोगों ने ही तो पैदा किया है।
- इस दुनिया के इतिहास में जो सबसे बड़े समाज-सुधारक हुए, सबसे सुधारवादी और उदारवादी धार्मिक या सामाजिक नेता हुए, उनको भी पंथ में, सम्प्रदाय में, या किसी संगठन के ढांचे में बांधकर पाखंड बनाने का काम समाज ने किया है।