पानीपत के युद्ध sentence in Hindi
pronunciation: [ paanipet k yudedh ]
Examples
- जहां तक पानीपत के युद्ध का संबंध है, हरेक को यह तथ्य याद रहे कि युद्ध के केवल चार दिन बाद ही अहमद शाह अब्दाली ने पेशवा बालाजी बाजीराव को एक पत्र भेजा था, जिसमें मेल-मिलाप की बात कही गई थी।
- १ ७ ५ ६ मे दोबारा शुजाउद्दौला ने अफगानियों के विरुद्ध मराठों से सहायता मांगी, मराठों ने ३ तीर्थ स्थान वापस हिंदुओं को देने की मांग की, किंतु दुर्भाग्यवश मराठाओं को पानीपत के युद्ध मे हार का सामना करना पडा।
- हम महाभारत युद्ध के लाखों योद्धा के युग से पानीपत के युद्ध में बाबर द्वारा तोप के प्रयोग से उतरोत्तर योद्धाओं की कमी को इतिहास में पढ़ते हुए हिरोशिमा नागासाकी के एक बम के प्रयोग की ताकत को बखूबी समझ चुके हैं.
- जहां तक पानीपत के युद्ध का संबंध है, हरेक को यह तथ्य याद रहे कि युद्ध के केवल चार दिन बाद ही अहमद शाह अब्दाली ने पेशवा बालाजी बाजीराव को एक पत्र भेजा था, जिसमें मेल-मिलाप की बात कही गई थी।
- पानीपत के युद्ध से पहले अकबर के कई सेनापति उसे हेमू से युद्ध करने के लिए मना कर चुके थे, हलाकि बैरम खान जो अकबर का संरक्षक भी था, ने अकबर को दिल्ली पर नियंत्रण के लिए हेमू से युद्ध करने के लिए प्रेरित किया.
- बंदूक तथा गोले बारूद के आविष्कार के कारण बाबर ने पानीपत के युद्ध में इब्राहीम लोदी की बहुत बड़ी सेना से टक्कर लेने के लिए जिस प्रकार किलाबंदी कराई उसके विषय में वह स्वयं लिखता है कि हमारे दाईं ओर पानीपत नगर तथा उसके मुहल्ले थे।
- बंदूक तथा गोले बारूद के आविष्कार के कारण बाबर ने पानीपत के युद्ध में इब्राहीम लोदी की बहुत बड़ी सेना से टक्कर लेने के लिए जिस प्रकार किलाबंदी कराई उसके विषय में वह स्वयं लिखता है कि हमारे दाईं ओर पानीपत नगर तथा उसके मुहल्ले थे।
- पानीपत के युद्ध से पहले अकबर के कई सेनापति उसे हेमू से युद्ध करने के लिए मना कर चुके थे, हालाँकि बैरम ख़ाँ, जो अकबर का संरक्षक भी था, उसने अकबर को दिल्ली पर नियंत्रण के लिए हेमू से युद्ध करने के लिए प्रेरित किया।
- मोहम्मद खुदाबन्द, 12 2 तहमास्य प्रथम, 13 2 पानीपत का द्वितीय युद्ध, 14 2 पानीपत का तृतीय युद्ध, 15 2 पानीपत के युद्ध, 16 2 पानीपत का प्रथम युद्ध, 17 2 ईदो, 18 2 कनाडा मास्टर्स, 19 2 पीथमपुर के काले
- पानीपत के युद्ध संग्रहालय में इस संदर्भ का ऐक चित्र आज भी हिन्दूओं की दुर्दशा के समारक के रूप मे सुरक्षित है किन्तु हिन्दू समाज के लिये शर्म का विषय तो यह है कि हिन्दू सम्राट हेम चन्द्र विक्रमादूतीय का समृति चिन्ह भारत की राजधानी दिल्ली या हरियाणा में कहीं नहीं है।