वामपंथ की ओर sentence in Hindi
pronunciation: [ vaamepneth ki or ]
"वामपंथ की ओर" meaning in English
Examples
- प्रतिरोध की ताकतों में वामपंथ की ओर से एक ओर जहां सीपीआई (एम) थी, तो दूसरी ओर सो श लिस्ट पार्टी और जनसंघ का दक्षिणपंथी गठबंधन।
- दूसरी तरफ यूरोप में पूंजीवाद जिस अभूतपूर्व संकट से गुजर रहा है वह इतना भीषण है कि लोग उससे छुटकारा पाने के लिए भी वामपंथ की ओर आ रहे हैं।
- पेशावर काण्ड के नायक चन्द्रसिंह गढ़वाली का रुझान जेल में दूसरे कम्युनिस्टों से मिलने के बाद वामपंथ की ओर होने लगा था, लेकिन वे अन्तिम निर्णय पर नहीं पहुँचे थे।
- हमारे देशी वामपंथी भी टाटा के लिये एस ई ज़ेड बनाकर उसी मार्ग पर अग्रसर दिखाई दे रहे हैं...तो क्या जिस नए वामपंथ की ओर इशारा कर रहे हैं सिन्हा जी वह लड़ेगा बाज़ार से...
- जलेस के शुरूआती दौर में उस वक्त के अनेकानेक रचनाकार वामपंथ की ओर आकर्षित हुए थे-लेकिन तभी इसकी विरोधी प्रक्रिया भी शुरू हुई थी कि वामपंथ को अपनाना मध्यवर्गीय सफलता और आत्म-स्थापन का आसान रास्ता नजर आने लगा था।
- लेकिन यह इस स्वीकृत दृढ़ विश्वास के अर्थ पर और विचार करने के लिए प्रेरित करता है कि सांस्कृतिक अध्ययन अनिवार्य रूप से वामपंथ की ओर है या जैसा कि एक जोरदार तथा खोखले पदबंध में हमसे बार-बार कहा जाता है कि यह ' निर्सगत: राजनीतिक' है।
- लेकिन यह इस स्वीकृत दृढ़ विश्वास के अर्थ पर और विचार करने के लिए प्रेरित करता है कि सांस्कृतिक अध्ययन अनिवार्य रूप से वामपंथ की ओर है या जैसा कि एक जोरदार तथा खोखले पदबंध में हमसे बार-बार कहा जाता है कि यह ' निर्सगत: राजनीतिक ' है।
- उधर राजनीतिक दलों, खासकर विपक्षी दलों, ने केजी बेसन मामले में रिलायंस का पर्दाफाश क्यों नहीं किया? क्यों नहीं इस मुद्दे पर संसद में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव आया? सिर्फ वामपंथ की ओर से माकपा सांसद तपन सेन ने पिछले दस महीनों में प्रधानमंत्री को आठ पत्र लिखे थे।
- रॉकी की परिकल्पना के मुताबिक 80 के दशक में यदि एक ज्यादा पढ़े लिखे व्यक्ति ने अपने छात्र जीवन में वामपंथी राजनीति की है और हाल के सालों में उसका विचारधारात्मक झुकाव दक्षिणपंथ की ओर हो जाता है तो तो भी वह यही मानता है कि उसका झुकाव वामपंथ की ओर है।
- दरअसल ये बाज़ारवाद को पहले ओढ़ने, फिर पहन लेने और अब बिछा लेने का मुद्दा है, मसला जुड़ा है इस बात से किस तरह से जवानी में वामपंथ की ओर झुकाव रखने वाले, जनवादी लेख लिखने वाले और बाज़ार के ख़तरों से अच्छी तरह वाकिफ़ रहने वाले सीनियर पत्रकार सम्पादकीय पदों पर आते ही बाज़ार के पुजारी हो गए।