पावन कर्तव्य sentence in Hindi
pronunciation: [ paaven kertevy ]
"पावन कर्तव्य" meaning in English
Examples
- प्रत्येक अध्याय का अपना विशिष्ट महत्व है, अतः सफ़ल सन्तुष्ट एवं उल्लासपूर्ण दाम्पत्य जीवन के लिए ग्रन्थ का आद्योपान्त सूक्ष्म अध्ययन एवं मनन करना तथा महर्षि के निर्देशानुसार यौन-व्यवहार करना प्रत्येक प्रेमी युगल का पावन कर्तव्य है।
- कन्याकुमारी से कश्मीर तक की एक-एक इंच भूमि हमारे राष्ट्रध्वज के ससम्मान फहराने के लिए उपलब्ध रहे, यह किसी एक राजनैतिक दल या नेता का दायित्व न होकर इस देश के हर नागरिक का पावन कर्तव्य है।
- कन्याकुमारी से कश्मीर तक की एक-एक इंच भूमि हमारे राष् ट्रध्वज के ससम्मान फहराने के लिए उपलब्ध रहे, यह किसी एक राजनैतिक दल या नेता का दायित्व न होकर इस देश के हर नागरिक का पावन कर्तव्य है।
- हसीन ने अपने यात्रियों के लिये गाइड के रूप में सेवायें प्रदान करना अपना पावन कर्तव्य मान लिया था अतः सहेलियों की बाड़ी के बारे में हमें बताया कि ये फतेह सागर लेक के किनारे पर स्थित एक आमोद गृह है जहां महारानी अपनी 48 सखियों के साथ जल विहार और किल्लोल किया करती थीं ।
- 1906 में इसका पहला सम्मलेन कलकत्ता में सुबोध मालिक के घर पर हुआ! वारींद्र घोष जैसे लोगों का मानना था की सिर्फ राजनीतिक प्रचार ही काफी नहीं है और नोजवानों को अध्यात्मिक शिक्षा भी दी जनि चाहिए! उन्होंने अनेक जोशीले नोजवानों को तैयार किया जो लोगों को बताते थे की स्वतंत्रता के लिए लड़ना पावन कर्तव्य है!
- मातृभूमि के द्रोह से अधिक गंभीर कोई अपराध नहीं है।” चीनी गणतंत्र के 1982 के संविधान के अनुच्छेद 55 में वर्णित हैं: “प्रत्येक नागरिक का यह पावन कर्तव्य है कि वह मातृभूमि की रक्षा करे और आक्रमण का प्रतिकार करे।” बावजूद इसके भारतीय कम्युनिस्टों ने देशभक्ति नहीं सीखी और लगातार इन दोनों देशों की कम्युनिस्ट पार्टियों द्वारा बेवकूफ बनाये जाते रहे तथा अमरबेल की तरह भारत को चूसते रहे।
- “ कैसा संयोग तब? वियोग क्या? ” उद्धवजी गोपियों को धैर्य, मनन, सुस्थिर-चित्त से परम शांति पाने का सांख्य योग पढ़ाते जा रहे होते हैं और गोपिकाएँ केवल सुनने का नाटक कर रही होती हैं, क्योंकि उद्धव कृष्ण के परम सखा थे, उन्हें सुनना गोपियों का पावन कर्तव्य भी था, किंतु राधाजी जो एक-एक शब्द का अर्थ जानती थीं, अंतत: बोल पड़ती हैं, ``...
- उन्होंने अपील की है कि जिस प्रकार ये जाॅबाज सपूत हॅसते-हॅसते भारत वर्ष की अखण्डता तथा देश की सुरक्षा हेतु अपने प्राणों की आहूति देने के पावन कर्तव्य से कभी कतराते नहीं हैं, उसी प्रकार हम सभी आगरा वासियों का परम कर्तव्य है कि झंडा दिवस के अवसर पर न केवल 0 7 दिसम्बर को ही बल्कि पूरे वर्ष झंडा दिवस निधि में उदारता पूर्वक खुले मन से योगदान दें जिससे कि संग्रहित धनराशि का उपयोग भूतपूर्व सैनिकों एवं उनके आश्रितों के कल्याण में किया जा सके।