निर्वंश sentence in Hindi
pronunciation: [ nirevnesh ]
"निर्वंश" meaning in English "निर्वंश" meaning in Hindi
Examples
- बरेली के आसपास के ग्रामीण मुस्लिम इलाकों में गुस्साई भीड़ ने अज्ञानवश पोलियो निवारण के लिए आने वालों पर हमले किए क्योंकि उनके बीच ऐसी अफ़वाहें फैलाई गयीं कि इस दवा से उनके बच्चे निर्वंश हो जायेंगे।
- बरेली के आसपास के ग्रामीण मुस्लिम इलाकों में गुस्साई भीड़ ने अज्ञानवश पोलियो निवारण के लिए आने वालों पर हमले किए क्योंकि उनके बीच ऐसी अफ़वाहें फैलाई गयीं कि इस दवा से उनके बच्चे निर्वंश हो जायेंगे।
- एक ओर ये जीएम बीज बनाकर उनका पेंटेंट करा रही हैं और दूसरी ओर बीजों का एकाधिकार कायम करने के लिए निर्वंश बीजों के द्वारा हमारे बीजों के भंडार तथा हमारी जैव विविधता को नष्ट कर रही हैं।
- तुलसी राम की पंडिताइन बहुत विनम्र और किसी से कोई बेकार बात न कहने वाली महिला थी लेकिन निर्वंश और विधवा होने से जुड़े सामाजिक मान्यताओं की वजह से लोग उसकी परछाईं से भी दूर रहना चाहते थे।
- एक ओर ये जीएम बीज बनाकर उनका पेंटेंट करा रही हैं और दूसरी ओर बीजों का एकाधिकार कायम करने के लिए निर्वंश बीजों के द्वारा हमारे बीजों के भंडार तथा हमारी जैव विविधता को नष्ट कर रही हैं।
- एक ओर ये जी. एम. बीज बनाकर, उनका पेटेंट करा रहे हैं और दूसरी ओर बीजों को एकाधिकार कायम करने के लिए निर्वंश बीजों के द्वारा हमारे पारम्परिक बीजों के भंडार तथा हमारी जैव विविधता को नष्ट कर रहे हैं।
- वैसे सच्चाई तो यह थी कि हमारे गांव में निर्वंश जंगू पांड़े, विधवा पंडिताइन, पोखरे वाला उल्लू, खो खो करने वाली मरखउकी चिड़िया और मैं स्वयं, हम पांचों असली अपशकुन थे जिन्हें देख सुन कर लोगों की रूह कांप जाती थी।
- वैसे सच्चाई तो यह थी कि हमारे गांव में निर्वंश जंगू पांड़े, विधवा पंडिताइन, पोखरे वाला उल्लू, खो खो करने वाली मरखउकी चिड़िया और मैं स्वयं, हम पांचों असली अपशकुन थे जिन्हें देख सुन कर लोगों की रूह कांप जाती थी।
- राजा ने अवसर देख जैसे ही उस पर अपना बाण साधा वह हिरणी मनुष्य वाणी में बोली-“हे राजन्! तुम मुझे मारना चाहते हो लेकिन मैं निर्वंश क्षत्रिय राजा के हाथों से न मरने की कामना से ही इस सरोवर तक पहुंची हूँ।
- गोबिंद बल्लभ पंत के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने संपूर्णानंद ने 1939 में छपी अपनी पुस्तक समाजवाद में ब्राह्मण परशुराम द्वारा पृथ्वी को 21 बार क्षत्रियों से निर्वंश कर देने की कथा को ब्राह्मणों और क्षत्रियों के बीच वर्ग-संघर्ष बना डाला था।