×

अंगुत्तरनिकाय sentence in Hindi

pronunciation: [ anegautetrenikaay ]

Examples

  1. स्वयं बुद्ध की नजरों में भी यह कल्पना से परे था कि कोई स्त्री तथागत या चक्रवर्ती भी हो सकती है (अंगुत्तरनिकाय, खंड-१, पृष्ठ २ ९).
  2. इसके कर्ता सारिपुत्त की तीन अन्य टीकाएँ भी मिलती हैं-(1) लीनत्थपकासिनी-मज्झिमनिकाय की अट्ठकथा पर, (2) विनयसंग्रह और (3) सारत्थमंजूसा-अंगुत्तरनिकाय की अट्ठकथा पर।
  3. अंगुत्तरनिकाय में बुद्ध ने समाधि की बहुलता से वर्तमान जीवन में सुखपूर्वक विहार (दृष्टिधर्म-सुखविहार), दिव्यचक्षु-ज्ञान, स्मृति-सम्प्रज्ञान से सम्पन्नता और क्लेश (आस्त्रव) क्षय आदि अनेक गुण बताये हैं।
  4. यहां अंगुत्तरनिकाय (खंड-२, पृष्ठ ७६) का वह प्रसंग उल्लेखनीय है जब आनंद स्त्रियों के दरबार में नहीं बैठने एवं शील-चर्चा के क्रम में उपस्थित नहीं रहने के प्रश्न पर बुद्ध से चर्चा करता है।
  5. यहां अंगुत्तरनिकाय (खंड-२, पृष्ठ ७६) का वह प्रसंग उल्लेखनीय है जब आनंद स्त्रियों के दरबार में नहीं बैठने एवं शील-चर्चा के क्रम में उपस्थित नहीं रहने के प्रश्न पर बुद्ध से चर्चा करता है।
  6. यहां अंगुत्तरनिकाय (खंड-२, पृष्ठ ७६) का वह प्रसंग उल्लेखनीय है जब आनंद स्त्रियों के दरबार में नहीं बैठने एवं शील-चर्चा के क्रम में उपस्थित नहीं रहने के प्रश्न पर बुद्ध से चर्चा करता है।
  7. यहां अंगुत्तरनिकाय (खंड-२, पृष्ठ ७ ६) का वह प्रसंग उल्लेखनीय है जब आनंद स्त्रियों के दरबार में नहीं बैठने एवं शील-चर्चा के क्रम में उपस्थित नहीं रहने के प्रश्न पर बुद्ध से चर्चा करता है।
  8. अंगुत्तरनिकाय · अमीर ख़ुसरो · अश्वघोष · कालिदास · गीता कर्म जिज्ञासा · गीतावली · जीव गोस्वामी · बिहारी · ब्रजभाषा · तुलसीदास · रसखान · रहीम · वैष्णवन की वार्ता · सनातन गोस्वामी · सूरदास · हितहरिवंश · कल्हण · सूरसागर · पृथ्वीराज रासो ·
  9. अंगुत्तरनिकाय · अमीर ख़ुसरो · अश्वघोष · कालिदास · गीता कर्म जिज्ञासा · गीतावली · जीव गोस्वामी · बिहारी · ब्रजभाषा · तुलसीदास · रसखान · रहीम · वैष्णवन की वार्ता · सनातन गोस्वामी · सूरदास · हितहरिवंश · कल्हण · सूरसागर · पृथ्वीराज रासो · भक्त
More:   Prev  Next


Related Words

  1. अंगीठी
  2. अंगीभूत
  3. अंगीरा
  4. अंगुइला
  5. अंगुत्तर निकाय
  6. अंगुल
  7. अंगुल भर
  8. अंगुलबेढ़ा
  9. अंगुलि
  10. अंगुलि चिह्न
PC Version
हिंदी संस्करण


Copyright © 2023 WordTech Co.