लाल फीता meaning in Hindi
pronunciation: [ laal fitaa ]
Examples
- यहाँ के पुरातन छात्र यह कहनें में गर्व महसूस करते हैं की मैं यहाँ के छात्रावासों में बिना छात्रावास का अन्तःवाशी बने सत्रह सालों तक रहा हूँ . आज भी यहाँ लाल फीता साही है .
- 10 जनवरी २ ० १ ३ , ११ जनवरी २ ० १ ३ एवं 12 जन 2013 को दिल्ली में आयोजित ब्रिक्स देशों के स्वास्थ्य सचिवों की बैठक / सम्मेलन एवं लाल फीता एक्सप्रेस समापन समारोह के चित्र संलग्न हैं .
- दुसरे लोग अपना papar वर्क सही से नहीं करते है फिर सरकारी कर्मचारी को कोसते है तो भाई किसी को कोसना गलत है उअसकी मज़बूरी देखो की कितने नियम कायदे सरकार ने बना रखे है इसे ही लाल फीता शाही कहते है .
- और कमरों के आगे लम्बी लम्बी लाइनों में घंटों इंतज़ार करके धक्के खाते . ........हालत पतली हो गयी ......मेरी ......८१ साल के उस बीमार जर्जर बूढ़े का हॉल क्या होगा ..आप सोच लें .......लाल फीता शाही इतनी ...कि हद नहीं ......मुझे ऐसा लगा मानो मैं
- कुडवार - अंग्रेजो के समय से चली आ रही लाल फीता शाही व्यवस्था लोगो के लिए अभिशाप बन गयी है जहां जनता की रक्षक पुलिस अब भक्षक रुप अख्तियार कर अधिकाधिक धन उगाही के चक्कर में अपराधियों को खुल्लमखुल्ला संरक्षण देने में कोई हिचक नही करती ।
- के पास . ...उस बेचारे भले आदमी ने प्यार से बात तो की ...और वही रोना रो दिया ...संसाधनों की कमी का .....5-6 जिलों से फौजी आते है ...दूर दूर से ......भीड़ हो जाती है .......जगह की कमी है ...डॉक्टर नहीं हैं ......ऊपर से लाल फीता शाही .......
- मैंने भी किसी ज़माने में ऐसी ही एक संस्था शुरू की थी . ........ पर उसे मान्यता देने में सरकार की इतनी सारी शर्तें हैं , इतनी अड़ंगेबाजी है , इतनी लाल फीता शाही है कि कोई छोटा मोटा आदमी वो शर्तें पूरी कर ही नहीं सकता ...........
- भ्रष्टाचार की वजह से लाल फीता शाही , पुलिस द्वारा चौथ वसूली , टोल नाकों पर अंधाधंुध वसूली , सार्वजनिक उपयोग की हर वस्तु हेतु लम्बी-लम्बी कतारें , चुनाव अनियमितताएं तथा वेतन भोगी कर्मचारियों द्वारा अपने स्थान पर किसी अन्य को काम पर भेज देना जैसी बातें आम हैं।
- दैनिक भास्कर के रियलिटी एक्सपो का शुक्रवार को मुख्यमंत्री डा . रमन सिंह ने लाल फीता काटकर लोकार्पण किया। इस अवसर पर उनके साथ लोक निर्माण मंत्री बृजमोहन अग्रवाल, आवास एवं पर्यावरण मंत्री राजेश मूणत, छग गृह निर्माण मंडल के अध्यक्ष सुभाष राव, आरडीए के चेयरमैन सुनील सोनी उपस्थित थे।
- ” और दादा ने लाल फीता एहतियात से खोला , चिकना कागज हटाया और मैंने देखा , एक बेहद मंहगे , बेलबूटेदार सुनहरे फ्रेम में जड़ा एक गंजा होता , काले कोट में , टेढी लंबी सी नाक वाला हास्यास्पद सा आदमी मेरे सामने था ! मैं नए मुखिया सूरत देख कर लगभग सन्न रह गया .