गो मांस meaning in Hindi
pronunciation: [ gao maanes ]
Examples
- दिल्ली में आगामी अक्टूबर से शुरू हो रहे राष्ट्रमंडल खेलों के दौरान गो मांस परोसे जाने को लेकर उठे विवाद पर राष्ट्रमंडल खेल अयोजन समिति ने स्पष्ट किया है कि खेलों के दौरान मेहमानों को गो मांस नहीं परोसा जाएगा।
- दिल्ली में आगामी अक्टूबर से शुरू हो रहे राष्ट्रमंडल खेलों के दौरान गो मांस परोसे जाने को लेकर उठे विवाद पर राष्ट्रमंडल खेल अयोजन समिति ने स्पष्ट किया है कि खेलों के दौरान मेहमानों को गो मांस नहीं परोसा जाएगा।
- गो मांस खाना , कई- कई दिन न नहाना , स्त्री- पुरुष संबंधों में कोई पवित्रता नहीं , झूठ , ठगी , रिश्वत आदि ये सब अंग्रेजों में सामान्य बात थी जबकि आम भारतीय तब बड़ा चरित्रवान होता था .
- जब मैं 1971 में भारतीय विदेश सेवा के लिए चुना गया तो मेरे पिताजी ने मुझसे यह प्रतिज्ञा करवाई कि मै गो मांस नही ग्रहण करूंगा क्योकि यह हिंदू धर्म के विरुद्ध है और इसे वेद द्वारा निषिद्ध किया गया है।
- उन्होंने आधुनिक जीवन शैली में विश्वास रखने वाले लोगों को सजग करते हुए कहा कि फैशन के फेर में पडकर जो चमडे की वस्तुओं का प्रयोग करते हैं , वे गोहत्या के उतने ही जिम्मेदार जितने की गो मांस खाने के ।
- क्या वे इसे प्रमाणित कर सकते हैं ? इस प्रसंग में "विषाद सिन्धु" के रचयिता वंग-वाणी के एक निष्ठ सेवकस्वधर्मनिष्ठ मुसलमान मीर मोसररफ हुसेन साहब ने आज से एक सौ वर्ष पूर्वअपने स्वरचित "गो जीवन" नामक एक प्रबन्ध में गो मांस भक्षण का विरोध कियाहै.
- अच्छी जानकारी के संकलन के लिए बधाइयाँ , अब अच्छा तब ही जब गो हत्या बंद होगी , जितने भी गो मांस के कारखाने लगे है वो बंद होंगे , तब तक उठो जागो और ये सब बंद करवाने के लिए कमर कस लो , और बंद करवाकर ही दम लेंगे , क्यों खून नहीं खौलता भर्तियो का
- अगली बार जो भी आपके पास वोट मांगने आये तो उनके सामने अपनी यह शर्त जरुर रखना कहना जो भी भारत से गो मांस निर्यात को बंद करवाएगा , ,,,,, हमारा वोट सिर्फ उनको ,,,,,, दोस्तों अगर गोमाता को बचाना चाहते हो तो ज्यादा से ज्यादा शेयर करे हर हिन्दू को जगाये ,,,,, हम से संपर्क करे आप के सहयोग की उम्मीद करते है ” जीव जन सहायता केंद्र
- हिन्दू सभा की आलोचना करते हुए सनातन धर्म पताका ने लिखा - “ जब एक बार गो मांस या शूकर मांस खा लेने से ही हमारे धर्म शास्त्रों में दीर्घ - काल व्यापिनी विकट तपस्या का प्रायश्चित्त है तब जिन चमार आदि अस्पृश्यों के पचास पुश्तों से अभक्ष्य भक्षण हो रहा है , उन्हें कैसे हम अपने कूओं से जल भरने दें या एक पंक्ति में बैठाकर श्वांस सूघें .
- यहाँ में एक बात लिख देना चाहता हु की ये गाये सिर्फ हिन्दुओ के बच्चे को दूध नहीं पिलाती इन्हों ना ही किसी का धर्म देखा जो भी इनका पालक है उससे यह अपने दूध से उपकृत करती है वही चिकत्सको का कहना है की जो भी गो मांस का सेवन करता है उससे गंभीर बिमारिओ का शिकार होना पड़ता है तो क्या हिन्दू और मुस्लिम दोनों भाई मिल कर इस पाप का विरोध नहीं कर सकते ?