अंक पाना meaning in Hindi
pronunciation: [ anek paanaa ]
Examples
- ( दोनों 300-300 अंक के) केवल क्वालिफाइंग नेचर के होते हैं, यानी इसमें केवल आयोग द्वारा निर्धारित न्यूनतम अर्हक अंक पाना होता है ।
- पहले अंग्रेजी के साथ-साथ किसी एक भारतीय भाषा की परीक्षा में न्यूनतम अंक पाना भी अनिवार्य था लेकिन इसके नंबर मेरिट में नहीं जुड़ते थे।
- इसका एक कारण यह भी था कि स्कूल में हिन्दी में हमेशा सर्वाधिक अंक पाना और उसका कारण शायद था कविताएँ एंव उदाहरण रटने की धुन।
- सामान्य हिन्दी ( या कोई अन्य भारतीय भाषा) और सामान्य अंग्रेजी के अनिवार्य पेपर (दोनों 300-300 अंक के) केवल क्वालिफाइंग नेचर के होते हैं, यानी इसमें केवल आयोग द्वारा निर्धारित न्यूनतम अर्हक अंक पाना होता है।
- मे केवल सामन्य हिन्दी का पेपर होता है ) ( दोनों 300 - 300 अंक के ) केवल क्वालिफाइंग नेचर के होते हैं , यानी इसमें केवल आयोग द्वारा निर्धारित न्यूनतम अर्हक अंक पाना होता है ।
- इसी तरह अनुसूचित जाति और विकलांग विद्यार्थियों के लिए दोनों पेपरों में 35-35 फीसदी अंक पाना जरूरी है , लेकिन दोनों परचों में अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को 40 फीसदी और विकलांगों को 45 फीसदी अंक पाना जरूरी होगा।
- इसी तरह अनुसूचित जाति और विकलांग विद्यार्थियों के लिए दोनों पेपरों में 35-35 फीसदी अंक पाना जरूरी है , लेकिन दोनों परचों में अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों को 40 फीसदी और विकलांगों को 45 फीसदी अंक पाना जरूरी होगा।
- यहां एम . सी . आई . का यह मानक भी लागू नहीं होता कि प्रवेश परीक्षा में बैठने के लिये इंटरमीडियट परीक्षा में न्यूनतम 50 प्रतिशत ( आरक्षित श्रेणी के लिये 45 प्रतिशत ) अंक पाना जरूरी है ।
- सामान्य हिन्दी ( या कोई अन्य भारतीय भाषा ) और सामान्य अंग्रेजी के अनिवार्य पेपर ( दोनों 300 - 300 अंक के ) केवल क्वालीफाइंग नेचर के होते हैं , यानी इसमें केवल आयोग द्वारा निर्धारित न्यूनतम अर्हक अंक पाना होता है।
- ) सामान्य हिन्दी (या कोई अन्य भारतीय भाषा) और सामान्य अंग्रेजी के अनिवार्य पेपर (म.प्र. मे केवल सामन्य हिन्दी का पेपर होता है)(दोनों 300-300 अंक के) केवल क्वालिफाइंग नेचर के होते हैं, यानी इसमें केवल आयोग द्वारा निर्धारित न्यूनतम अर्हक अंक पाना होता है ।