शुण्ठी meaning in Hindi
pronunciation: [ shunethi ]
Examples
- विषम ज्वरों में शुण्ठी चूर्ण मिश्री , मधु , जल के अनुपात से प्रयुक्त करने पर ज्वर तुरंत उतर जाता है ।
- व्यापारी भेद से कई प्रकार की शुण्ठी प्रचलित हैं एवं वानस्पतिक भेद से भी जापानी व जरेब्मेट ये 2 भेद माने जाते हैं ।
- अधिक पीड़ा होने पर एक और बीस के अनुपात में बनाया गया शुण्ठी क्वाथ 30 से 60 ग्राम प्रति घंटे लिया जा सकता है ।
- इस योग का प्रमुख द्रव्य है शुण्ठी या सौंठ ।आप लोगों ने अदरख तो सुना व प्रयोग किया ही होगा यह सौठ नामक औषधि अदरख के सूखने पर ही प्राप्त होती है।
- आप उन्हें निम्न उपचार दें- १ . शुण्ठी गुग्गुलु एक गोली + महायोगराज गुग्गुलु एक गोली + एकांगवीर रस एक गोली की एक खुराक बनाएं व रास्ना सप्तक क्वाथ के दो चम्मच के साथ दिन में तीन बार निगलवा दें।
- आप उन्हें निम्न उपचार दें- १ . शुण्ठी गुग्गुलु एक गोली + महायोगराज गुग्गुलु एक गोली + एकांगवीर रस एक गोली की एक खुराक बनाएं व रास्ना सप्तक क्वाथ के दो चम्मच के साथ दिन में तीन बार निगलवा दें।
- औषधि वाहक के गुण तो सौंफ , शुण्ठी , हरिद्रा आदि के ताजे स्वरस एवं अन्य औषधियों में भी होते हैं , पर प्रस्तुत पद्धति में उन्हीं को अनुपान के रूप में प्रयुक्त किया जा रहा है जो औषधि की क्षमता को प्रखर व ग्रहण करने की सामर्थ्य बढ़ा देते हैं ।
- औषधि वाहक के गुण तो सौंफ , शुण्ठी , हरिद्रा आदि के ताजे स्वरस एवं अन्य औषधियों में भी होते हैं , पर प्रस्तुत पद्धति में उन्हीं को अनुपान के रूप में प्रयुक्त किया जा रहा है जो औषधि की क्षमता को प्रखर व ग्रहण करने की सामर्थ्य बढ़ा देते हैं ।
- बिल्व ( बेल ) फल का मज्जा , शुण्ठी ( सोंक ) , धान्यक ( धनिया ) के फल , मुस्तक ( मोथा ) की जड़ , सुगंध बाला ( तगर ) के फल को बराबर मात्रा में लेकर काढ़ा बनाकर 14 से 28 मिलीलीटर की खुराक के रूप में सेवन करने से ज्वर अतिसार ठीक हो जाता है।
- बिल्व ( बेल ) फल का मज्जा , शुण्ठी ( सोंक ) , धान्यक ( धनिया ) के फल , मुस्तक ( मोथा ) की जड़ , सुगंध बाला ( तगर ) के फल को बराबर मात्रा में लेकर काढ़ा बनाकर 14 से 28 मिलीलीटर की खुराक के रूप में सेवन करने से ज्वर अतिसार ठीक हो जाता है।