ढुलना meaning in Hindi
pronunciation: [ dhulenaa ]
Examples
- अनाज रखने के लिए कच्ची मिट्टी का बना एक पात्र 13 . विपत्ति कष्ट आदि में निर्वाह करना 14 . लुढ़कना , ढुलकना , ढुलना
- चौथा : एक बार दोनों पाँवों को टखनों समेत ढुलना , उपर्युक्त सभी चीज़ों में एक बार ढुलने का मतलब पूरे अंग को अच्छी तरह से ढुलना है।
- चौथा : एक बार दोनों पाँवों को टखनों समेत ढुलना , उपर्युक्त सभी चीज़ों में एक बार ढुलने का मतलब पूरे अंग को अच्छी तरह से ढुलना है।
- विपरीत परिस्थिति अर्थात कन्या द्वारा जल का ढुलना , पात्रों को गंदा करना, वमन आदि का आना, किसी सामग्री का त्याग करना अथवा किसी सामग्री पर विशेष अनुराग रखकर खाना आदि को भी देवी लीला समझकर यह कर्म करने से देवी अनुष्ठान की पूर्ति होती है।
- विपरीत परिस्थिति अर्थात कन्या द्वारा जल का ढुलना , पात्रों को गंदा करना, वमन आदि का आना, किसी सामग्री का त्याग करना अथवा किसी सामग्री पर विशेष अनुराग रखकर खाना आदि को भी देवी लीला समझकर यह कर्म करने से देवी अनुष्ठान की पूर्ति होती है।
- विपरीत परिस्थिति अर्थात कन्या द्वारा जल का ढुलना , पात्रों को गंदा करना , वमन आदि का आना , किसी सामग्री का त्याग करना अथवा किसी सामग्री पर विशेष अनुराग रखकर खाना आदि को भी देवी लीला समझकर यह कर्म करने से देवी अनुष्ठान की पूर्ति होती है।
- पाँचवां : तरतीब वार ( क्रमानुसार ) ढुलना , इस प्रकार कि सर्व प्रथम चेहरा ढुले , फिर दोनों हाथों को ढुले , फिर सिर का मसह करे , फिर दोनों पैर ढुले , क्योंकि नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्ल्म ने वुज़ू के अंगों को इसी तरीक़े पर क्रमानुसार धुला है।
- आदमी अपनी दाढ़ी के बालों को ढुले गा क्योंकि वह चेहरे का हिस्सा है , अगर दाढ़ी हल्की है तो उसके ज़ाहरी और अंदरूनी दोनो हिस्सों को ढुलना अनिवार्य है , और अगर घनी है अर्थात् चमड़े को छुपाये हुये है , तो केवल उसके ज़ाहिरी ( प्रत्यक्ष ) हिस्से को ढुले और दाढ़ी का खिलाल करे।
- छठा : लगातार ढुलना , और वह इस तरह कि ऊपर वर्णित वुज़ू के अंगों को लगातार और निरंतर इस प्रकार ढुले कि एक अंग को ढुलने और उस से पहले वाले अंग को ढुलने के बीच एक लंबे समय का अंतर न हो , बल्कि एक अंग को ढुलने के तुरन्त पश्चात ही दूसरा अंग ढुलना चाहिये।
- छठा : लगातार ढुलना , और वह इस तरह कि ऊपर वर्णित वुज़ू के अंगों को लगातार और निरंतर इस प्रकार ढुले कि एक अंग को ढुलने और उस से पहले वाले अंग को ढुलने के बीच एक लंबे समय का अंतर न हो , बल्कि एक अंग को ढुलने के तुरन्त पश्चात ही दूसरा अंग ढुलना चाहिये।